श्री गंगा
श्री गंगा image

श्री गंगा

Shri Ganga Aarti॥ श्री गंगा मैया आरती ॥ नमामि गंगे ! तव पाद पंकजम्, सुरासुरैः वंदित दिव्य रूपम् । भक्तिम् मुक्तिं च ददासि नित्यं, भावानुसारेण सदा नराणाम् ॥हर हर गंगे, जय माँ गंगे, हर हर गंगे, जय माँ गंगे ॥
🕉
ॐ जय गंगे माता, श्री जय गंगे माता । जो नर तुमको ध्याता, मनवांछित फल पाता ॥ चंद्र सी जोत तुम्हारी, जल निर्मल आता । शरण पडें जो तेरी, सो नर तर जाता ॥ ॥ ॐ जय गंगे माता..॥ पुत्र सगर के तारे, सब जग को ज्ञाता । कृपा दृष्टि तुम्हारी, त्रिभुवन सुख दाता ॥ ॥ ॐ जय गंगे माता..॥ एक ही बार जो तेरी, शारणागति आता । यम की त्रास मिटा कर, परमगति पाता ॥ ॥ ॐ जय गंगे माता..॥ आरती मात तुम्हारी, जो जन नित्य गाता । दास वही सहज में, मुक्त्ति को पाता ॥ ॥ ॐ जय गंगे माता..॥ ॐ जय गंगे माता, श्री जय गंगे माता । जो नर तुमको ध्याता, मनवांछित फल पाता ॥ ॐ जय गंगे माता, श्री जय गंगे माता ।

प्रिंट योग्य बोल चित्र

वैकल्पिक। प्रिंट, साझा करने और छवि खोज के लिए उपयोगी।
अंग्रेज़ी लिप्यंतरण में भी उपलब्ध